September 24, 2026
IMG-20260813-WA0195

 

प्रयागराज, ग्राम पंचायतों को सशक्त बनाने और सहभागी ग्रामीण विकास को बढ़ावा देने के उद्देश्य से राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय, प्रयागराज में गुरुवार को ‘पंच सम्मेलन’ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।

उपमुख्यमंत्री ने दीप प्रज्ज्वलित कर एवं मां सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर सम्मेलन का शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने ‘विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन ग्रामीण’ (वीबी-जी राम जी) से संबंधित संक्षिप्त मार्गदर्शिका पुस्तिका का विमोचन भी किया। राजकीय बालिका इंटर कॉलेज फाफामऊ की छात्राओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया।

ग्राम पंचायतों को विकास का केंद्र बनाने पर जोर

सम्मेलन में विभिन्न ग्राम पंचायतों से आए ग्राम प्रधानों ने प्रतिभाग किया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य ग्राम पंचायतों की संस्थागत क्षमता को मजबूत करना और वीबी-जी राम जी अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए जमीनी स्तर पर तैयारियों को बेहतर बनाना रहा।

ग्राम प्रधानों को अधिनियम के प्रमुख प्रावधानों और उद्देश्यों की जानकारी दी गई। साथ ही विकसित ग्राम पंचायत योजनाओं, सहभागी एवं साक्ष्य-आधारित योजना निर्माण, विभिन्न सरकारी योजनाओं के अभिसरण तथा पंचायत स्तर पर पारदर्शिता और जवाबदेही को मजबूत करने पर चर्चा हुई।

‘लीकेज की संभावना नहीं’, समस्याएं लिखित रूप में देने की अपील

उपमुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि वीबी-जी राम जी योजना के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों को विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि योजना से संबंधित सभी आवश्यक जानकारियां संक्षिप्त मार्गदर्शिका में उपलब्ध हैं।

उन्होंने बताया कि योजना का शुभारंभ 1 जुलाई 2026 को हुआ था। उन्होंने कहा कि अभी ग्राम सभाओं के विकास के लिए अपेक्षित श्रमशक्ति पूरी तरह नहीं लग पाई है। उन्होंने दावा किया कि योजना में लीकेज की संभावना नहीं है।

उपमुख्यमंत्री ने ग्राम प्रधानों से योजना के क्रियान्वयन में आ रही समस्याओं की जानकारी ली और कहा कि संबंधित लोग अपनी समस्याएं लिखित रूप में दें, ताकि उनका शीघ्र समाधान कराया जा सके।

2047 से पहले विकसित ग्राम पंचायत बनाने का लक्ष्य

श्री मौर्य ने कहा कि डबल इंजन की सरकार का लक्ष्य गांवों का सर्वांगीण विकास करना है और इसके लिए बजट की कोई कमी नहीं है। उन्होंने कहा कि गरीब परिवारों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए सरकार लगातार काम कर रही है।

उन्होंने ग्राम प्रधानों से 15 अगस्त के अवसर पर अमृत सरोवरों की साफ-सफाई कराने और कार्यक्रम आयोजित करने की अपील की। साथ ही अच्छे विकास कार्यों का सोशल मीडिया के माध्यम से प्रचार-प्रसार करने को कहा।

उन्होंने सरकारी सेवकों से ईमानदारी के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने का आह्वान किया। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि पात्र लोगों को आवास उपलब्ध कराया जा रहा है और आगे भी पात्र परिवारों को चिन्हित कर योजनाओं का लाभ दिया जाएगा।

भ्रष्टाचार पर सख्ती, पंचायतों के समन्वित विकास पर जोर

उपमुख्यमंत्री ने कहा कि विकास कार्यों के लिए जारी धनराशि का शत-प्रतिशत उपयोग योजनाओं में किया जा रहा है। भ्रष्टाचार के मामलों में कड़ी कार्रवाई की जा रही है।

उन्होंने कहा कि जिला पंचायत, क्षेत्र पंचायत और ग्राम पंचायत, तीनों इकाइयों को मिलकर ग्रामीण क्षेत्रों को बेहतर और मजबूत बनाना होगा। महिलाओं के सशक्तीकरण पर भी उन्होंने जोर दिया।

उन्होंने प्रदेश में बिजली व्यवस्था में सुधार, बेहतर सड़क संपर्क और बड़े बुनियादी ढांचा परियोजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रयागराज में सड़क, ओवरब्रिज, छह लेन पुल, गंगा एक्सप्रेसवे और रिंग रोड जैसी परियोजनाओं से विकास को नई गति मिली है।

उन्होंने ग्राम प्रधानों से कहा कि जिस तरह प्रयागराज में बदलाव दिखाई दे रहा है, उसी तरह प्रत्येक गांव की स्थिति में भी बदलाव दिखाई देना चाहिए। 2047 से पहले सभी ग्राम पंचायतों को विकसित ग्राम पंचायत बनाने का लक्ष्य लेकर आगे बढ़ने का आह्वान किया।

प्रयागराज में वीबी-जी राम जी योजना की स्थिति

सम्मेलन में बताया गया कि प्रयागराज जनपद में वीबी-जी राम जी योजना के तहत 3,034 कार्य चल रहे हैं। पांच लाख रुपये से अधिक लागत वाली स्वीकृत परियोजनाओं की संख्या 118 है।

जनपद में 2,742 महिला मेट कार्यरत हैं। योजना के तहत अब तक 1,85,701 मानव दिवस सृजित किए गए हैं, जिनमें 87,249 महिला मानव दिवस और 85,154 अनुसूचित जाति के मानव दिवस शामिल हैं। वहीं जिले में कुल 2,42,660 सक्रिय श्रमिक बताए गए।

जनप्रतिनिधि और अधिकारी रहे मौजूद

कार्यक्रम में फाफामऊ विधायक श्री गुरु प्रसाद मौर्य, यमुनापार जिलाध्यक्ष श्री राजेश शुक्ला, भाजपा क्षेत्रीय अध्यक्ष श्री अवधेश गुप्ता, ब्लॉक प्रमुखगण, मुख्य विकास अधिकारी हर्षिका सिंह, जिला विकास अधिकारी जी.पी. कुशवाहा, परियोजना निदेशक भूपेन्द्र सिंह, जिला कार्यक्रम अधिकारी दिनेश सिंह, जिला पंचायत राज अधिकारी रवि शंकर द्विवेदी, सभी खंड विकास अधिकारी, विभिन्न ग्राम पंचायतों के प्रधान तथा अन्य जनप्रतिनिधि और अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *