
बेंगलुरु। कर्नाटक के कोडागु जिले से एक बेहद ही दर्दनाक खबर सामने आई है। जानकारी के अनुसार, संध्या आचार्य तितीमति क्षेत्र के कोनानाकट्टे गांव स्थित एक कॉफी बागान का निरीक्षण करने गई थीं। इसी दौरान एक जंगली हाथी ने उन पर हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल संध्या को बचाने की कोशिश की गई, लेकिन उनकी मौत हो गई। संध्या आचार्य दिल्ली में पुलिस महानिदेशक (DGP) के पद पर तैनात IPS अधिकारी अन्नालामाडा सुनील आचार्य की पत्नी थीं। सुनील, नागालैंड कैडर के अधिकारी हैं, वर्तमान में सेंट्रल डेप्युटेशन पर हैं।
पुलिस और स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, यह वारदात शुक्रवार की सुबह करीब 9 बजे की है। संध्या शादी समारोह में शामिल होने पैतृक गांव आई थीं। IPS सुनील आचार्य की पत्नी संध्या रोजाना की तरह सुबह टहलने के लिए निकली थीं। टहलने के साथ-साथ वह थितीमथी के पास कोंननाकट्टे में स्थित अपने निजी कॉफी बागान में भी गईं, ताकि वहां चल रहे रोजमर्रा के कामों का जायजा ले सकें। संध्या बागान से वापस अपने घर की ओर लौट रही थीं, तभी कॉफी बागान में घने पेड़ो के पीछे छिपे जंगली हाथी ने हमला कर दिया। हाथी को आक्रामक रूप में देखकर वहां काम कर रहे दो अन्य मजदूर संध्या को बचाने के लिए आगे बढ़े। लेकिन, हाथी ने उन दोनों मजदूरों पर भी जानलेवा हमला कर दिया। जिसके बाद वे दोनों मजदूरों ने किसी तरह भागकर अपनी जान बचाई।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय विधायक ए.एस. पोन्नाना ने अस्पताल पहुंचकर शोक संतप्त परिवार से मुलाकात की। वहीं, इस हादसे से गुस्साए ग्रामीणों ने वन विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया है। ग्रामीणों का कहना है कि इलाके में हाथियों की बढ़ती आवाजाही लंबे समय से बड़ी समस्या बनी हुई है और यदि इस पर तुरंत ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो वे उग्र प्रदर्शन करेंगे।
कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डी. के. शिवकुमार ने हादसे पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने अधिकारियों को मानव-वन्यजीव संघर्ष की बढ़ती घटनाओं पर नियंत्रण के लिए प्रभावी कदम उठाने और हाथियों के खतरे से प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश दिए हैं। कोडागु और आसपास के इलाकों में जंगली हाथियों की आवाजाही लंबे समय से चिंता का विषय बनी हुई है। स्थानीय लोगों ने भी वन विभाग से ऐसे हादसों की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस उपाय करने की मांग की है।








